💳 Online Banking & UPI Fraud Awareness Guide
डिजिटल भुगतान करते समय सुरक्षित रहने की पूरी जानकारी
डिजिटल इंडिया के दौर में Online Banking और UPI ने लेन-देन को आसान बना दिया है। लेकिन सुविधा के साथ जोखिम भी बढ़े हैं। साइबर अपराधी QR Code, फर्जी कॉल, रिमोट एक्सेस ऐप और फिशिंग लिंक के माध्यम से लोगों का पैसा चुरा रहे हैं।
🔍 UPI Fraud क्या है?
UPI Fraud वह धोखाधड़ी है जिसमें अपराधी नकली लिंक, QR कोड या फर्जी कस्टमर केयर बनकर लोगों से पैसे ट्रांसफर करवा लेते हैं।
⚠️ आम बैंकिंग फ्रॉड के तरीके
🛡 सुरक्षित ऑनलाइन बैंकिंग के नियम
- OTP किसी से साझा न करें
- बैंक कभी पासवर्ड नहीं मांगता
- केवल आधिकारिक ऐप का उपयोग करें
- UPI PIN गोपनीय रखें
- ट्रांजेक्शन अलर्ट सक्रिय रखें
🚨 फ्रॉड हो जाए तो क्या करें?
- तुरंत 1930 साइबर हेल्पलाइन पर कॉल करें
- अपने बैंक को तुरंत सूचित करें
- राष्ट्रीय साइबर अपराध पोर्टल पर शिकायत दर्ज करें
- पासवर्ड और UPI PIN बदलें
📌 निष्कर्ष
Online Banking & UPI Fraud तेजी से बढ़ रहे हैं, लेकिन जागरूकता और सावधानी से आप सुरक्षित रह सकते हैं। डिजिटल सुविधा का लाभ उठाएं, लेकिन सुरक्षा नियमों का पालन करें।
❓ FAQs
क्या बैंक OTP मांगता है?
नहीं, बैंक कभी भी OTP या PIN नहीं मांगता।
QR Code स्कैन करने से पैसा क्यों कट जाता है?
QR कोड स्कैन करना भुगतान प्रक्रिया शुरू करता है।
शिकायत कहाँ करें?
1930 साइबर हेल्पलाइन या राष्ट्रीय साइबर अपराध पोर्टल पर।
